MCA Course Details। Master in Computer Application

Career in MCA- क्या आप एमसीए में कैरियर बनाना चाहते हैं। अगर आप एमसीए में कैरियर बनाने की चाहत रखते हैं, तो इस पोस्ट में हम आपको बताएंगे कि MCA me Career kaise banaye। ये पोस्ट उन लोगो के लिए बहुत मददगार है, जो लोग MCA Course कर इस फील्ड में कैरियर बनाना चाहते हैं। इस पोस्ट में हम MCA Course Details और MCA Course Fees के साथ ही MCA में Career Option और Career Scope in MCA साथ ही MCA Job आदि के बारे में सारी इंफॉर्मेशन देंगे। 
MCA कोर्स को Master in Computer Application कहते हैं। ये एक मास्टर डिग्री कोर्स होता है। इस कोर्स के बाद स्टूडेंट कंप्यूटर साइंस एंड computer engineering के फील्ड में कैरियर बना सकते हैं। MCA एक बहुत बड़ा फील्ड है। इसमे कैरियर के बहुत सारे विकल्प हैं। अगर आप भी Computer Science में रुचि रखते हैं। तो आप MCA (Master in Computer Application) के माध्यम से इस सेक्टर में प्रवेश कर सकते हैं। चलिये अब हम आपको स्टेप by स्टेप MCA Course के बारे में डिटेल में बताते हैं। 


MCA me Career Kaise banaye


एमसीए कंप्यूटर साइंस का बहुत लोकप्रिय कोर्स हैं। चूंकि आजकल हर सेक्टर में Computer Science का प्रयोग होने लगा है। इसलिए इस सेक्टर में अनेक रोजगार के अवसर सामने आए हैं। अगर आप भी कम्प्यूटर साइंस के फील्ड में career बनाना चाहते हैं, तो आप MCA Course यानि कि Master in Computer Application course के बाद इस फील्ड में कैरियर बना सकते हैं। MCA Course एक मास्टर डिग्री कोर्स है। इसकी अवधि 3 साल होती है। कुछ यूनिवर्सिटी में ईयर by एग्जाम होता है। कुछ यूनिवर्सिटी में सेमेस्टर के अनुसार एग्जाम होता है। इस कोर्स में 6 सेमेस्टर होते हैं। 

एमसीए एक Computer Application का कोर्स है। जिसजे अंतर्गत सॉफ्टवेयर डेवलपिंग, एप डेवलपिंग, कंप्यूटर प्रोग्रामिंग लैंग्वेज, वेब डिजाइनिंग, टेकनिकल राइटिंग, हार्डवेयर नेटवर्किंग आदि की जानकारी दी जाती हैं। MCA Course के तहत कई कार्यक्षेत्र शामिल होते हैं। आप अपनी इच्छानुसार, इंटरेस्ट, रुझान को देखते हुए career के ऑप्शन चुन सकते हैं। नीचे पोस्ट में मैं आपको इसके सारे Career option के बारे में बताउंगा।

Qualification For MCA Course


एमसीए कोर्स के लिए आवश्यक योग्यता pcm सब्जेक्ट से बीएससी या BCA है। लेकिन कुछ इंस्टीट्यूट या यूनिवर्सिटी ऐसे स्टूडेंट्स को भी MCA Course में दाखिला देती हैं, जिन्होंने किसी भी स्ट्रीम से ग्रेजुएशन किया हो। लेकिन 12वीं पीसीएम सब्जेक्ट से पास किया हो। 

गवर्नमेंट कॉलेज या यूनिवर्सिटीज में एडमिशन के लिए आपको एंट्रेंस एग्जाम देना होगा। अगर आप एंट्रेंस एग्जाम पास कर लेंगे तो एडमिशन मिल जायेगा। इसके लिए सभी यूनिवर्सिटी प्रत्येक बर्ष प्रवेश परीक्षा का आयोजन कराती हैं। आप इनमें भाग ले सकते हैं। इसके साथ ही प्राइवेट कॉलेज में डायरेक्ट भी एडमिशन मिल जाता है।


Career Scope in MCA Course


आज के समय मे MCA यानी कि Master in Computer application का बहुत आकर्षक कैरियर स्कोप है। वर्तमान समय मे इस क्षेत्र में अनेक कैरियर के ऑप्शन मौजूद हैं। आज के यूग में कंप्यूटर साइंस के बिना मानव जीवन की कल्पना भी नही की जा सकती है। कोई भी ऐसा सेक्टर नही जिसमे कंप्यूटर साइंस या कंप्यूटर एप्लिकेशन का इस्तेमाल नही होता है। इसमे आप सॉफ्टवेयर डेवलपमेंट, प्रोग्रामर, सॉफ्टवेयर इंजीनियर, सिस्टम एनालिस्ट, ट्रॉब्लेशुटर, सॉफ्टवेयर एप्लिकेशन आर्किटेक्ट, टेक्निकल राइटर, हार्डवेयर इंजीनियर, एप डेवलोपर, वेब डिज़ाइनर, सिस्टम डेवलोपर, सॉफ्टवेयर कंसलटेंट आदि के तौर पर काम कर सकते हैं। चलिये अब हम आपको इसके मुख्य- मुख्य कार्यक्षेत्र के बारे में बताते हैं।


App Devloping- आज के समय मे ऐप डेवलपर की काफी डिमांड है। अब तो पूरी मोबाइल दुनिया मोबाइल एप पर ही निर्भर है। हरकोई मोबाइल एप का इस्तेमाल करता है। हर सेक्टर से रीलेटेड आपको एप मिल जाएंगे। एप के जरिये कंपनी अपने प्रोडक्ट की सेल्लिंग, प्रमोशन, पहचान बनाने का काम करती हैं। आपकों कोई भी मोबाइल पर काम करना होता है, ये सारे काम मोबाइल एप के द्वारा ही संपन्न होते हैं। इस प्रकार आप एप डेवलोपमेन्ट में बहुत अच्छा कैरियर बना सकते हैं।


web designing-इसके अलावा आप वेब डिजाइनिंग में भी कैरियर बना सकते हैं। वर्तमान में वेबसाइट का हर क्षेत्र में बोलबाला है। अगर आप कोई भी बिजनेस स्टार्ट करते हैं, तो सबसे पहले वेबसाइट ही डिज़ाइन करवाते हैं, जिसमे आप अपनी कंपनी और कंपनी की सर्विस आदि की जानकारी देते हैं। वेबसाइट के माध्यम से कोई भी यूजर आसांनी से आप तक पहुच सकता है। वेबसाइट डिजाइनिंग भी आज के दौर में बहुत अच्छा कैरियर के विकल्प है। अगर आपको वेबसाइट डिजाइनिंग का शौक है, तो आसानी से आप इस सेक्टर में कैरियर बना सकते हैं।
वेब डिज़ाइनर बनने के लिए आपका क्रिएटिव माइंड होना आवश्यक हैं, क्लाइंट की डिमांड के मुताबिक वेबसाइट डिज़ाइन करना, उसमे इम्प्रूवमेंट करना, रंग, फॉन्ट, वेबसाइट लेआउट, ड्रीमवीवर, सीसीएस, फोटोशॉप और इलस्ट्रेटर जैसे सॉफ्टवेयर्स की भी बढ़िया जानकारी होना आवश्यक है। 


Business Analyst- बिजनेस एनालिस्ट भी कंप्यूटर साइंस का उभरता हुआ कैरियर के द्वार है। यदि आप महत्वपूर्ण इशू और प्रॉब्लम को एनालाइज करने में सक्षम है, तो बिजनेस एनालिस्ट आपके लिए अच्छा कैरियर है। बिजनेस का मुख्य काम बिजनेस से संबंधित टेक्निकल और नोनटेक्निकल प्रॉब्लम को पता कर उनको सही करना या उनमें बदलाव करना, एवं सुझाव देना होता है।

Software Developer- एमसीए के बाद सॉफ्टवेयर डेवलपर/ प्रोग्रामर/ इंजीनियर के तौर पर अनेक कैरियर के विकल्प मौजूद हैं। ज्यादातर हर MCA Course करने वाला स्टूडेंट सॉफ्टवेयर इंजीनियर या सॉफ्टवेयर डेवलोपर ही बनना चाहते हैं। सॉफ्टवेयर इंजीनियर का मुख्य काम भिविन्न कार्य के लिए सॉफ्टवेयर डिज़ाइन करना तथा उनमें आयी प्रॉब्लम को सही करना होता है। सॉफ्टवेयर कंप्यूटर का अहम प्रोग्राम होता है। हम जो भी काम कंप्यूटर पर करते हैं, ये सभी सॉफ्टवेयर की मदद से ही करते हैं। अलग- अलग कार्य के लिए अलग- अलग सॉफ्टवेयर की जरूरत होती है। चूंकि कंप्यूटर आज के युग मे जिंदगी का अहम हिस्सा है, इसलिय इस क्षेत्र में भी कैरियर की अपार संभावनाएं हैं। 
सॉफ्टवेयर डिज़ाइनर का काम काफी चुनौतीपूर्ण और टाइम टेकिंग होता है। आपको कस्टमर की डिमांड की मुताबिक सॉफ्टवेयर डिज़ाइन करना होता है। इसमे कैरियर के लिए आपको प्रोग्रामिंग लैंग्वेज, टिपिकल कोडिंग स्किल्स आगे ले जाएगी।


System Analyst- सिस्टम एनालिस्ट के तौर पर कैरियर बनाने के लिए इनोवेटिव आईटी स्किल्स, आईटी सलूशन एंड मोडिफिकेशन आदि की स्किल्स होना आवश्यक है। एक सिस्टम एनालिस्ट्स क्लाइंट्स और सॉफ्टवेयर डेवलपर्स के बीच एक महत्वपूर्ण व्यक्ति या अधिकारी के तौर पर कार्य करता है।


Troubleshotter- ट्रबलशूटर के बिना कोई भी कंपनी अपना बिजनेस नही कर सकती है। ट्रबलशूटर का मुख्य काम सॉफ्टवेयर और हार्डवेयर में आने वाली प्रोब्लेम्स की जांच करना आउट जरूरतमंद लोगों को टेक्नोलॉजी उपलब्ध कराता है। अगर किसी भी कंपनी में कोई आईटी से रिलेटेड प्रॉब्लम आती है, तो ट्रबलशूटर की ही जिम्मेदारी होती है कि समय से वह उस प्रॉब्लम को दूर करे। सॉफ्टवेयर इंजीनियर और और अन्य स्टाफ के लिये रिसोर्स मेंटेन रखना इनकी जिम्मेदारी होती है।


Software Application Architect- सॉफ्टवेयर एप्लिकेशन आर्किटेक्ट बनने के लिए विजुअलाइजेशन, इमैजिनेशन स्किल्स का होना अति आवश्यक है। सॉफ्टवेयर आर्किटेक्ट्स आईटी प्रोडक्ट्स और सर्विसेज के डिज़ाइन और आर्किटेक्चर में उच्च-स्तर के निर्णय लेने की प्रक्रिया का अहम हिस्सा होते हैं। टेक्निकल, मैनुअल्स और प्रोटोकॉल्स जैसेकि, टूल्स, प्लेटफॉर्म्स और सॉफ्टवेयर कोडिंग स्टैंडर्ड्स तैयार करना, सॉफ्टवेयर आर्किटेक्चरल मॉडल्स के सुचारु रूप से काम करने के लिए जिम्मेदार पर्सन होते हैं।


Software consultant- सॉफ्टवेयर कंसलटेंट आज के समय मे बेहतर कैरियर के ऑप्शन है। सॉफ्टवेयर कंसलटेंट बिजनेस प्रोसेस का एनालिसिस करना, बिजनेस चलाने के लिए अच्छे सॉफ्टवेयर सोल्ल्युशन आदि की जिम्मेदारी होती है। सॉफ्टवेयर कंसलटेंट का मुख्य काम संबद्ध कंपनी की सेल्स प्रोसेस को बढ़ाने के लिए कॉस्ट-इफेक्टिव बिजनेस सोल्यूशन्स उपलब्ध कराना होता है। इसकी खासियत यह है कि ये आपका खुद का बिजनेस  होता है। बॉस की झिकझिक नही सुननी पड़ती है। 


Hardware Engineer- हार्डवेयर इंजीनियर का मुख्य काम हार्डवेयर सिस्टम की रिपेयरिंग और  कंप्यूटर हार्डवेयर सिस्टम जैसेकि, सर्किट बोर्ड्स, वायर्स, हार्ड डिस्क, प्रिंटर्स, कंप्यूटर चिप्स, राउटर्स और कीबोर्ड्स से संबंधित सभी काम शामिल होते हैं। जब कंप्यूटर सिस्टम के इंस्टॉलेशन और टेस्टिंग से संबद्ध कार्य करने होते हैं तो एक हार्डवेयर इंजीनियर में महत्वपूर्ण चुनौतियों का सामना करने का जोश होना चाहिए ताकि यह सुनिश्चित किया जा सके कि सिस्टम बिना किसी रुकावट या परेशानी के काम कर रहा है। हार्डवेयर इंजीनियर्स के काम में हार्डवेयर इक्विपमेंट्स के प्रोडक्शन और टेस्टिंग से संबद्ध कार्य करने होते हैं।

Technical Writer- अगर आपके पास अच्छी टेक्निकल स्किल्स के साथ अच्छी राइटिंग स्किल भी है। तो टेक्निकल राइटिंग आपके लिए बेहतर कैरियर ऑप्शन हो सकता है। इसके लिए, आप में गैजेट्स और राइटिंग से लगाव होने के साथ ही लेटेस्ट टेक्नोलॉजीज के बारे में जानकारी प्राप्त करने का पैशन जरुर होना चाहिए। आमतौर पर, एक टेक्निकल राइटर यूजर गाइड्स/ मैनुअल्स, प्रोडक्ट डिस्क्रिप्शन्स, वाइट पेपर्स, प्रोजेक्ट प्लान्स और डिज़ाइन स्पेसिफिकेशन्स जैसे टेक्निकल डॉक्यूमेंट्स लिखने का कार्य करता है।

सैलेरी


एक एमसीए प्रोफेसनल की शुरुआती सैलरी 15 से 25 हजार तक होती है। 4 से 5 साल का अनुभव होने के बाद 45 से 50 हजार या इससे ज्यादा भी आपकी सैलरी हो सकती है। इस सेक्टर में सैलरी काफी आकर्षक होती है। अगर आपके अंदर टैलेंट है, तो आपको इस क्षेत्र में तरक्की करने में देर नही लगेगी।

ये भी पढ़े – कंप्यूटर इंजीनियर कैसे बने


Skills for Career in MCA

एमसीए कंप्यूटर साइंस और आईटी का फील्ड है। इसमे कैरियर बनाने के लिए आपकी थिंकिंग पावर, एनालिटिकल स्किल्स के साथ कंप्यूटर प्रोग्रामिंग लैंग्वेज, जावा, सी++,नेट एसपी, css, php, जावा स्क्रिप्ट, html जैसी लैंग्वेज की अच्छी जानकारी होना आवश्यक है।


Best IT Company for job in MCA Career
टैलेंटेड एमसीए ग्रेजुएट्स की तलाश में रहने वाली कुछ मशहूर आईटी कंपनियों की लिस्ट निम्नलिखित है:

• विप्रो
• इंफोसिस           
• इंफोटेक
• सत्यम महिंद्रा
• आईबीएम
• एचसीएल
• टाटा कंसल्टेंसी सर्विसेज
• एक्सेंचर
• कैपजेमिनी
• कॉग्निजेंट


Best College For MCA Course in India


इंडियन इंस्टीट्यूट ऑफ टेक्नोलॉजी, रुड़की
बंगाल इंजीनियरिंग एंड साइंस यूनिवर्सिटी (बीईएसयू), कोलकाता
डिपार्टमेंट ऑफ़ कंप्यूटर साइंस, बनारस हिंदू यूनिवर्सिटी (बीएचयू)
इंडियन इंस्टिट्यूट ऑफ़ टेक्नोलॉजी, दिल्ली
इंडियन इंस्टिट्यूट ऑफ़ टेक्नोलॉजी, गुवाहाटी
इंडियन इंस्टिट्यूट ऑफ़ टेक्नोलॉजी, हैदराबाद
इंडियन इंस्टिट्यूट ऑफ़ टेक्नोलॉजी, कानपुर
इंडियन इंस्टिट्यूट ऑफ़ टेक्नोलॉजी, मुंबई
नेशनल इंस्टिट्यूट ऑफ़ टेक्नोलॉजी, कालीकट (एनआईटीसी)
नेशनल इंस्टीट्यूट ऑफ टेक्नोलोजी, दिल्ली
सिम्बायोसिस इंस्टिट्यूट ऑफ कम्प्यूटर स्टडीज एंड रिसर्च (एसआईसीएसआर), पुणे
गुरुनानक देव यूनिवर्सिटी, अमृतसर
आंध्र यूनिवर्सिटी
कुरुक्षेत्र यूनिवर्सिटी
कोच्चि यूनिवर्सिटी
बुंदेलखंड यूनिवर्सिटी, झांसी
एमजेपी रुहेलखंड यूनिवर्सिटी, बरेली
यूनिवर्सिटी ऑफ हैदराबाद
मोतीलाल नेहरू इंस्टीट्यूट ऑफ टेक्नोलॉजी, इलाहाबाद
वीआईटी यूनिवर्सिटी, तमिलनाडु
पांडिचेरी यूनिवर्सिटी
इलाहाबाद यूनिवर्सिटी
कानपुर यूनिवर्सिटी
लखनऊ यूनिवर्सिटी
महाराजा शायजीराव यूनिवर्सिटी, बड़ोदरा
बिरला इंस्टीट्यूट ऑफ टेक्नोलॉजी, रांची
चंडीगड़ यूनिवर्सिटी
गुरु गोविंद सिंह इंद्रप्रस्थ यूनिवर्सिटी, दिल्ली

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